Domain Name System in Hindi

Domain Name System in Hindi, डोमेन के प्रकार के प्रकार और Web Hosting क्या होती है इसके बारे में पूरी जानकारी मिलेगी

Domain Name System in Hindi – आप सभी लोग जानते है की हमें अपने ब्लॉग या वेबसाइट की पहचान के लिए आपके पास एक अच्छा नाम होना जरुरी है. जिसे हम Domain Name कहते है और इसी Domain Name से ही आपके ब्लॉग या वेबसाइट की पहचान होती है उद्धरण ने अनुसार– जैसे की जिस तरह लोग आपको आपके नाम से पहचानते है इसी प्रकार इन्टरनेट पर अपनी वेबसाइट की पहचान के लिए एक नाम होना बहुत ही महत्वपूर्ण होता है जिसे Domain Name कहा जाता है.

इस बारे में बहुत से लोग जानते भी नहीं की डोमेन नाम क्या है, डोमेन के प्रकार के प्रकार, डोमेन नाम कितने प्रकार के होते है, टॉप लेवल डोमेन और सेकंड लेवल कितने प्रकार के होते है. थर्ड लेवल डोमेन क्या है? आज हम एक-एक करके इसी टॉपिक के बारे में पड़ेंगे.

Domain Name क्या है & Domain Name System in Hindi

डोमेन नाम एक नाम ही होता है जो हमारे ब्लॉग/वेबसाइट की पहचान होती है अगर हम इन्टरनेट की भाषा में कहं तो यह एक डोमेन का एक एड्रेस होता है और इसी एड्रेस की सहायता से लोग आपकी वेबसाइट/ब्लॉग को पहचान पाएँगे और वो लोग आपकी वेबसाइट को देख और पढ़ सकते है. आपने देखा होगा की आपकी वेबसाइट नाम के पीछे .in, .net, .org, .com, .br, .co, .au इस प्रकार होते है. इस बारे में आपको बहुत ही जरुरी है. तो अब हम इन सभी को एक-एक करके समझते है.

Domain Name लेवल के प्रकार:

आपको पता होना चाहिए की टॉप लेवल Domain Name की वैल्यू भी ज्यादा अच्छी होती है गूगल और और दूसरे सर्च इंजन टॉप लेवल डोमेन नाम को ज्यादा अग्रता देते है सभी डोमेन नाम टॉप लेवल Domain Name के साथ ही समाप्त होता है. जैसे की – catchhow में .com यह एक टॉप लेवल डोमेन है

उदाहरण के लिए

  • .Gov ( Government sites )
  • .Edu ( Education sites )
  • .Org ( Organization sites )
  • .Com ( Commercial site )
  • .Biz ( Business related )

कंट्री कोड लेवल डोमेन (CcTLD Full Form In English)

Country Code Top-Level Domain एक तरह का टॉप लेवल डोमेन है बस इतना फरक है आप अगर इस डोमेन को खरीदते है तो इसको कोई भी देख कर बता सकता है की जो आपकी वेबसाइट है वो किस कंट्री की है Country Code Top-Level Domain तब चुना जाता है जब भी आपका टारगेट एक स्पेसिफिक कंट्री हो मतलब की अगर आप चाहते है की जो भी आपका यूजर मिले वो इंडिया से ही हो तो आप निडर होकर .in डोमेन खरीद सकते है.

उदाहरण के लिए

  • .in ( India )
  • .us ( United States )
  • .br ( Brazil )

सेकंड लेवल डोमेन्स (Second Level Domains)

Second Level Domain को टॉप लेवल डोमेन से पहले ही लिया जाता है ये भी एक तरह का नाम ही होता है जैसे- CatchHow.com में Catchhow सेकंड लेवल डोमेन है .com टॉप लेवल डोमेन ही है (Domain Name System in Hindi)

second level e1623302257911

थर्ड लेवल डोमेन (Third Level Domains)

यह Third Level Domain सेकंड लेवल डोमेन से पहले ही आता है और इससे (Subdomain) भी कहा जाता है. subdomain को आप फ्री में भी बना सकते है और आपको इसके लिए कुछ खरीदने की जरुरत भी नहीं मतलब की अगर आपके पास एक भी डोमेन है  तो आप आसानी से उसका subdomain बना सकते है उदाहरण के लिए

English.Catchhow.com और इसमें english ही एक (Subdomain) सबडोमेन है

english level e1623302393662

अब आप इसके बारे में अच्छे से जान चुके है की Domain Name क्या है, Domain Name System in Hindi, डोमेन नाम कितने प्रकार के होते है, अब हमारा अगला वर्क होस्टिंग का है वेब होस्टिंग के बारे में जानना बहुत जरुरी है और आप इसके दी गई इन सभी पोस्ट को पढ़ सकते है.

हम आशा करते है की हमारी दी गई जानकारी अच्छी लगी होगी कृपा करके हम कमेंट कर के जरुर बताएं और कोई भी जानकारी लेना चाहते है तो आप comment में पूछ सकते है. अपने डोमेन नाम के बारे में तो सही से पढ़ा और समझा अब इसके बाद Web Hosting के बारे में समझेंगे. क्योकि डोमेन लेने के बाद होस्टिंग ही खरीदी जाती है. तभी हमारी वेबसाइट अच्छे से तैयार होती है.

Web Hosting क्या होती है और यह कितने प्रकार की होती है?

वेब होस्टिंग लेना क्यों जरुरी है आप लोग सोचेते होंगे की यह सभी इन्टरनेट का डाटा कहा रखा जाता है यह web hosting कंपनिया हमें अपने मटेरियल, डाटा को सुरक्षित रखने के लिए एक जगह (spece) देती है इंटरनेट पर अपनी साईट का डाटा जैसे –विडियो, फोटो, टेक्स्ट आदि को रखने के लिए हमें एक स्टोरेज की जरुरत होती है वो जरुरत मे यह होस्टिंग प्रोवाइडर कंपनिया देती है. आसान भाषा में जाने – (हमें अपनी दुकान को रखने के लिए एक जगह की जरुरत होती है जिसमे हम अपनी दुकान का सामान रखते है और कस्टमर/ग्राहक हमारी दुकान पर सामान लेने आता है इसी ही को हम Web Hosting क्या होती है.

वेब होस्टिंग के प्रकार & वेब होस्टिंग को समझाइए

वेब होस्टिंग 6 प्रकार की होती है और उन सभी के नाम और उनके बारे में जनिंगे-

  • Shared Hosting
  • VPS Hosting
  • WordPress Hosting
  • Dedicated Hosting
  • Cloud Hosting
  • Reseller Hosting

अगर आप पहली बार अपनी वेबसाइट के लिए होस्टिंग खरीद रहे है तो आपके लिए सभी वेब होस्टिंग के बारे में जान लेना बहुत जरुरी होता है इससे आपको पता चलेगा की आपकी साईट के लिए कौन सी Hosting अच्छी रहेगी. आप इस प्रक्रिया को जल्दी करने की कोशिश ना करे, गलत होस्टिंग चुनने पर आपकी वेबसाइट को नुक्सान हो सकता है और अगर आप अपनी वर्तमान होस्टिंग से खुश नहीं है तो होस्टिंग हो (अपग्रेड) बदल भी सकते है.

अपनी वेबसाइट के लिए अच्छी होस्टिंग कैसे चुने?

अच्छी होस्टिंग के लिए आपको इन बातो का ध्यान रखे-

एक अच्छी होस्टिंग में आपको प्रदर्शन, सुरक्षा, SSD स्टोरेज, बैंडविड्थ और अनलिमिटेड वेबसाइट आदि का होना बहुत जरुरी है. यह आप पर निर्भर है की आपकी किस प्रकार की वेबसाइट है आपको रोजाना कितना ट्रैफिक मिलता है उदाहरण के लिए

किसी छोटे ब्लॉग पर 5,000 महीने का ट्रैफिक आता है तो आपको अपने बजट के हिसाब से कोई अच्छा सस्ता Hosting Plan चुन सकते है ब्लॉग की होस्टिंग की ज़रूरतें एक अच्छी और बड़ी ईकॉमर्स साइट की तुलना में अलग होती हैं, जिसमें एक महीने में 250,000 विज़िट होती हैं। आपको निचे सभी वेब होस्टिंग विकल्पों के बारे में अच्छे व्याख्या की है दी गई इस जानकारी से यह पता लगा सकते है  की आपकी वेबसाइट के लिए सबसे अच्छा होस्टिंग विकल्प कौनसा है.

Shared Hosting

Shared Hosting वेब होस्टिंग की सबसे बेसिक होस्टिंग है. यह होस्टिंग छोटी वेबसाइट के लिए सबसे अच्छा विकल्प होता है. इसके नाम से ही पता चलता है की यह एक ही सर्वर पर बहुत सी websites को होस्ट करती है. यह शेयर्ड होस्टिंग सबसे सस्ती रहती है कम लागत में आपनी वेबसाइट होस्ट कर सकते हो. ( एक ही होस्टिंग होती है जिसे मल्टीप्ल लोगो के साथ share करते है) लेकिन सबका IP Address एक ही होता है. इसका एक बहुत बड़ा नुकसान भी है

ssssssssssss

क्योकि इन सभी websites का IP Address एक ही होता है अगर इनमे से कोई भी एक वेबसाइट ब्लैकलिस्ट होती है तो आपकी वेबसाइट भी उसमे आ जाएँगी लेकिन परेशान ना हो इस समस्या के 0.03% मौका होते है. दूसरा नुक्सान यह होता है की अगर किसी वेबसाइट पर बहुत ज्यादा ट्रैफिक आ गया बह बहुत ही ज्यादा Resources उपयोग कर रहा है तो आपकी वेबसाइट स्लो/डाउन हो जायगी यह गलत प्रभाव पड़ सकता है. अगर आप अपनी वेबसाइट पर 10,000 या 20,000 महीने के विसिटर की उम्मीद नहीं करते है तो आप इस Shared Hosting का चयन करके कुछ पैसा भी बचा सकते है.

Shared Web Hosting Pros:

  • वेब होस्टिंग में से सबसे सस्ती Shared Hosting
  • इसमें सेटअप करना भी आसान है
  • इसमें कोइ टेक्निकल ज्ञान की जरुरत नहीं है
  • सुरुआती में यह छोटी websites के ले अच्छा है

Shared Web Hosting Cons:

  • इसमें और भी वेबसाइटों के साथ सर्वर संसाधनों (server resources) को share करना
  • प्रदर्शन भी एक समस्या हो सकती है। जो आपके नियंत्रण से बहार है
  • धीरे-धीरे लोडिंग & कम अपटाइम दरें
  • स्केलेबल नहीं।

Shared Web Hosting Plans 2021 | Review, Plans इन हिंदी

VPS Hosting

वर्चुअल प्राइवेट सर्वर इसमें आपको सारा कंट्रोल मिलता है VPS एक महंगी और अच्छी शक्तिशाली सेवा है. जिसका उपयोग हम छोटी वेबसाइट/ब्लॉग को सुरु करने के लिए नहीं कर सकते है अगर हम ऐसा करिंगे तो यह हमारी वेबसाइट के हिसाब से बहुत महंगा पड़ेगा.

vps hostingddd edited

ज्यादा ट्रैफिक बाली वेबसाइट

अगर आपके पास कोई वेबसाइट है और उस पर बहुत ज्यादा ट्रैफिक आ रहा हो और वो शेयर्ड होस्टिंग पर होस्टेड हैं तो आपको एक बार वर्चुअल होस्टिंग का उपयोग जरुर करना चाहिए क्योकि जब शेयर्ड होस्टिंग पर ज्यादा ट्रैफिक आता है तो आपकी वेबसाइट की स्पीड धीरे-2 स्लो/डाउन होने लगती हैं.

VPS की अच्छी खास बार है की हम ऑपरेटिंग सिस्टम अपने मन से ही चुन सकते है. (वेब होस्टिंग के प्रकार & वेब होस्टिंग को समझाइए)

VPS Hosting Pros:

  • डेडिकेटेड सर्वर रिसोर्सेज 
  • फ़ास्ट वेबसाइट लोडिंग स्पीड
  • डेडिकेटेड सर्वर की समान्तर में अधिक लगत प्रभावशाली
  • अपने ही सर्वर पर व्यवस्था का प्रारूप बनाने की योग्यता

Shared Web Hosting cons:

  • और भी वेबसाइट के साथ server resources शेयर्ड करना
  • Shared  Server के रूप में स्थापित करना इतना भी आसान नहीं

WordPress Hosting

आप जानते है की ज्यादातर लोग wordpress पर ही वेबसाइट बनाते है और वर्डप्रेस के उपयोग करने बालो की संख्या बहुत तेजी से बढ़ रही है इसीलिए ज्यादातर कंपनियो ने WordPress के लिए ही एक Special Hosting Plan बनाये हैं. जिसे लोग Manage WordPress Hosting के नाम से जानते है आपको जो भी दूसरे होस्टिंग प्लान पर technical work करना पड़ता है वो सभी वर्क खुद ही मैनेज करना पड़ता है लेकिन WordPress Managed Hosting पर आपको सब कुछ technical work करना नहीं पड़ता है

क्योकि आप जिस होस्टिंग कंपनी से होस्टिंग खरीदते है वो सभी कंपनी वाले ही आपके ब्लॉग/वेबसाइट को मैनेज करते है.जैसे की– वेबसाइट का backup को संभाल कर रखना, वेबसाइट को update रखना, सुपर फ़ास्ट loding रखना इनमे से आपको कुछ भी करना नहीं पड़ता है.

जैसे – Shared Hosting और भी कंपनी ऑफर करती हैं, उसी प्रकार Manage Hosting भी बहुत सारी कंपनिया ऑफर देती है जैसे- WPengine, Pagely, Siteground हाँ लेकिन इन सभी के प्राइस बहुत ज्यादा है. और अगर आप Bluehost और Hostgator से WordPress Managed से होस्टिंग खरीदते हो तो आपको अच्छे कम रूपए में managed hosting मिल जायगी.

WordPress Hosting

  • वेब होस्टिंग में हाई प्राइस WordPress Hosting
  • इसमें आपको कोई भी technical work नहीं करना
  • इसमें आपको फुल सपोर्ट कंपनी
  • रेगुलर बैकअप
  • हाई सुरक्षा
  • फ़ास्ट लोडिंग

Dedicated Hosting

Dedicated Hosting Server एक आपका अपना आलीशान मकान है जहाँ पर सिर्फ आपका ही अधिकार होता है सभी तरह की सुविधा भी मिलती है लेकिन इसके लिए आपको अच्छा खासा खर्चा करना होता है अलग-2 सेवा का उपयोग करने के लिए, Dedicated में जो भी सर्वर का यूज़ किया जाता है वह ज्यादा फ़ास्ट होता है और बहुत ही तेजी से काम भी करता है और यह सिर्फ एक ही वेबसाईट के उपयोग के लिए होता है यही वजह है जो इसे Dedicated नाम दिया है. Dedicated में जो सर्वर उपयोग किया जाता है

वो एक ही वेबसाइट के सभी Content – फोटो, विडियो, डाक्यूमेंट्स को स्टोर/सेव करके रखता है और इसमें किसी प्रकार की कोई भी sharing नहीं होती है किसी भी वेबसाइट का कोई भी content नहीं रखा जाता है इसीलिए यह बहुत तेजी से work करता है यह बहुत महंगी होती है और एक ही व्यक्ति को सभी खर्च उठाना होता है. जिस वेबसाइट में बहुत ज्यादा ट्रैफिक आता है तो यह Dedicated Hosting उसके लिए सबसे अच्छी है इस होस्टिंग का सबसे अच्छा फायदा E- Commerce वाली वेबसाइट उठाती है. जैसे की Amazon , ebay , Snapdeal , Transportation से जुड़े वेबसाइट आदि.

Dedicated Hosting

  • वेब होस्टिंग में हाई प्राइस Dedicated Hosting
  • इसमें आपको technical work आना चाहिए
  • इसमें आपको फुल सपोर्ट कंपनी
  • रेगुलर बैकअप
  • हाई सुरक्षा
  • अपना पूरा कंट्रोल
  • खुद ही सर्वर को मैनेज करना होता है
  • फ़ास्ट लोडिंग

Cloud Hosting

Cloud Hosting एक नय प्रकार की होस्टिंग है और मार्किट में यह बहुत तेजी से फैल रही है यह बाकि होस्टिंग के परफॉरमेंस और प्राइस में थोड़ी अलग है. Cloud Hosting में एक वेबसाइट के लिए बहुत सारे सर्वर काम करते है और बहुत अच्छी सर्विस देते है और साथ में ही वेबसाइट को secure भी रखते है Cloud Hosting की परिभाष- (Group के सर्वर जब मिलकर एक साथ work करते है तो हम इसी को Cloud Hosting बोलते है)

आप इससे ज्यादा high traffic वाली websites को आसानी से ही नियंत्रण किया जाता है और इसमें रेगुलरली अच्छी स्पीड प्राप्त होती है क्लाउड होस्टिंग सबसे महंगी इसीलिए मानी जाती है लेकिन अब यह सस्ते प्लान भी देने लगी है Cloudways काफी जानी पहचानी क्लाउड होस्टिंग प्रोवाइडर कंपनी है यह आपको 5 क्लाउड प्रोवाइडर से मिलाती है. यह 5 क्लाउड प्रोवाइडर्स के नाम है – DigitalOcean, Linode, VULTR, Google Cloud, or Amazon Web Service आदि.

इनमे से आप कोई भी क्लाउड प्रोवाइडर को चुन कर अपनी वेबसाइट को होस्ट कर सकते हो. और सभी प्रोवाइडर्स के दाम/प्राइस भी अलग-अलग होते है. आपका जितना बजट होता है उसी प्रकार से प्लान चुन सकते है एक बात और बता दूँ की यह Cloudways एक Managed Cloud Hosting Provider है. इसका मतलव है की आपके लिए बहुत से work खुद ही प्रबंध करती है. आपको बहुत सी सुविधा भी प्राप्त होती है जो आपको दूसरी होस्टिंग कंपनियो में नहीं मिलती है.

Cloud Hosting

  • वेबसाइट पर ट्रैफिक होने पर Lode का बटवारा
  • बेस्ट सिक्यूरिटी
  • सुपर फ़ास्ट लोडिंग
  • बहुत सारे सर्वर (Group Server)

Reseller Hosting

आजकल के समय में Hosting कंपनिया भी Reseller Hosting Provide कर रही है आप इसे खरीद कर अपनी खुद की एक अच्छी web hosting company से व्यापार सुरु कर सकते हो. मतलब की – (ये सर्वर का बहुत ही बड़ा भाग होता है इनमे बहुत से छोटे-छोटे सर्वर होते है इन सर्वर्स को खरीद कर अपने क्लाइंट को दोबारा भी बेच सकते हो) यह बहुत-बहुत बड़ी कंपनिया होती है जिनके पास बहुत सारे सर्वर तैयार होते है.

इसी कारण इनके प्राइस भी कम ही होते है इसका एक बहुत बड़ा फायदा है अगर आप कोई बिज़नेस करते है तो उसके लिए आपको माल को खरीदने और बेचने के लिए इधर से उधर जाना पड़ता है लेकिन आपको इसमें इधर उधर जाने की कोई जरुरत नहीं है यह Web Hosting व्यापर को स्टार्ट करने के लिए आपको एक अच्छी Webhost Company की वेबसाइट पर केवल Resell Hosting खरीदनी होती है और आपको कही भी जाने की जरुरत भी नहीं है

यह भी रूपए कमाने का सबसे अच्छा तरीका है और आप इसका जो भी payment होगा वो आप अपने Net Banking, Debit card (ATM Card), credit card के माध्यम से ही कर सकते हो. अगर आप एक बार Resell Hosting खरीदते है तो आप उसके बाद ऑनलाइन ही बेच सकते है. (Domain Name System in Hindi)

अब आप सोचते होंगे की इन सभी होस्टिंग कंपनियों के पास इनका अपना खुद का servers होते होंगे. हम आपको बता दे की ऐसा बिलकुल नहीं है क्योंकि Server को रखना फिर उसे 24 घंटे संभालना सब के बस में नहीं है इसलिए ज्यादातर Web Hosting Companies Reseller Hosting को खरीदकर अच्छा खासा व्यापार कर रही है.

Reseller Hosting

  • Resources पर पुरा कंट्रोल
  • फुल सपोर्ट
  • अपग्रेड
  • ग्राहकों को विश्वसनीयता

लोगो के पूछे जाने वाले सवाल-

domain name meaning in hindi

डोमेन का मतलब

डोमेन का क्या अर्थ होता है?

डोमेन नाम कितने प्रकार के होते हैं?

डोमेन नाम सिस्टम इन हिंदी

domain name system kya hai in hindi

Best Web Hosting in Hindi? Website Hosting Kya Hota Hai 2021

Shared Web Hosting Plans 2021 | Review, Plans इन हिंदी

Top 10 होस्टिंग & Hosting Kya Hoti Hai?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *